AI Summit Case : आरोपियों की गिरफ्तारी मामले में दिल्ली-हिमाचल पुलिस आमने-सामने, रातभर चला हंगामा
दिल्ली में आयोजित ग्लोबल एआई समिट में प्रदर्शन मामले में तीनों आरोपी सौरभ, अरबाज और सिद्धार्थ को दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों को दिल्ली ले जाते समय बुधवार रात शिमला पुलिस ने शोघी और धर्मपुर में नाका लगाकर रोक लिया। मामले में रातभर टकराव की स्थिति बनी रही।
शिमला पुलिस की कार्रवाई
शिमला पुलिस ने बताया कि दिल्ली पुलिस के पास गिरफ्तारी के लिए कोई वैध दस्तावेज नहीं थे, इसलिए अवैध गिरफ्तारी के आरोप में दिल्ली पुलिस के 20 अधिकारियों-कर्मचारियों पर शिमला के चिढ़गांव में एफआईआर दर्ज किया गया। इससे टकराव की स्थिति बन गई तथा दोनों तरफ से बहसबाजी होने लगी। शिमला पुलिस का कहना है कि दिल्ली पुलिस ने स्थानीय पुलिस को सूचना दिए बगैर यह कार्रवाई की। रात करीब 01 बजे एसीजेएम-2 एकांश कपिल के आवास न्यायालय में दिल्ली पुलिस की ट्रांजिट रिमांड के आवेदन को स्वीकार कर लिया गया।
#WATCH | Additional Chief Judicial Magistrate (ACJM-II) court in Shimla granted transit remand to three accused arrested by the Delhi Police from Rohru in Shimla district.
The three accused, Saurav, Arbaaz and Siddharth, were produced at around 1.00 am at the residence court of… pic.twitter.com/VSyEK2Mr1u
— ANI (@ANI) February 25, 2026
दिल्ली पुलिस की दलील
दिल्ली पुलिस ने 20 फरवरी को हुए हंगामे मामले में एफआईआर की कॉपी दिखाते हुए शिमला पुलिस द्वारा लगाए गए आरोप को निराधार बताया। वहीं भारत सरकार के वरिष्ठ पैनल वकील नंदलाल ठाकुर ने बताया कि मामले में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट से आरोपियों के रिमांड के लिए आवेदन दिया गया, जिसे स्थानीय मजिस्ट्रेट ने स्वीकार कर लिया। उन्होंने बताया कि अब आरोरियों को दिल्ली स्थित संबंधित अदालत में पेश करके आगे की कार्रवाई की जाएगी।
एआई समिट का मामला
दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित ग्लोबल एआई इंपैक्ट समिट में 20 फरवरी को यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने सुरक्षा घेरा तोड़कर प्रदर्शन किया था। मामले को गंभीरता से लेते हुए दिल्ली पुलिस ने स्थानीय अदालत में एफआईआर दर्ज करके तुरंत जांच शुरू कर दिया। सीसीटीवी से आरोपियों की पहचान करके अब तक 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। आरोपियों के शिमला में छिपे होने की सूचना मिलने पर दिल्ली पुलिस गिरफ्तार करने शिमला पहुंची थी।
