त्वचा को ग्लोइंग बनाने में क्या है ज्यादा फायदेमंद, लाल मसूर की दाल या बेसन?
नेचुरल स्किनकेयर में मसूर की दाल और बेसन दोनों का इस्तेमाल किया जाता है। लेकिन ग्लोइंग स्किन के लिए क्या ज्यादा असरदार है? चलिए हम आपको बताते हैं?
आजकल लोग महंगे ब्यूटी प्रोडक्ट्स के बजाय फिर से घरेलू नुस्खों की ओर लौट रहे हैं। रसोई में मौजूद साधारण सी चीजें भी त्वचा के लिए असरदार साबित हो सकती हैं। इन्हीं में से दो सबसे लोकप्रिय घरेलू उपाय हैं मसूर की दाल और बेसन। सदियों से इनका इस्तेमाल फेस पैक और उबटन के रूप में किया जाता रहा है। लेकिन जब बात आती है त्वचा को चमकदार बनाने की, तो अक्सर लोग कन्फ्यूज हो जाते हैं कि आखिर ज्यादा फायदेमंद क्या है? अगर आप भी जानना चाहते हैं कि आपकी स्किन के लिए कौन-सा विकल्प बेहतर रहेगा और किस तरह इसका इस्तेमाल करना चाहिए, तो आइए विस्तार से समझते हैं।
बेसन और मसूर के फायदे
मसूर की दाल के फायदे: मसूर की दाल डेड स्किन हटाने में मदद करती है और टैनिंग कम करने में भी बेहद लाभकारी है। यह दाल खासतौर पर डार्क स्पॉट, टैनिंग और डल स्किन के लिए फायदेमंद है।
कैसे करें इस्तेमाल? मसूर दाल को रातभर भिगोकर पीस लें। इसमें थोड़ा दूध या गुलाबजल मिलाकर 15–20 मिनट चेहरे पर लगाएं, फिर हल्के हाथों से रगड़कर धो लें।
बेसन के फायदे: बेसन स्किन से एक्स्ट्रा ऑइल को तेजी से हटाता है साथ ही मुंहासों से भी राहत मिलती है। यह स्किन को तुरंत फ्रेश और ग्लोइंग लुक देता है
कैसे करें इस्तेमाल? 2 चम्मच बेसन में ज़रा सी हल्दी और दही मिलाकर फेस पैक तैयार करें। 20 मिनट बाद अपना चेहरा धो लें। इसे हॉफते में दो बार अप्लाई करें।
ग्लोइंग स्किन के लिए क्या है ज्यादा फायदेमंद?
बेसन और मसूर की दाल, दोनों ही स्किन के लिए फायदेमंद है। बस इसका सही चुनाव स्किन टाइप और जरूरत पर निर्भर करता है। अगर स्किन ड्राई या टैन हो चुकी है तो मसूर दाल का विकल्प बेहतर है। अगर आपकी स्किन ऑयली या पिंपल्स वाली है तो बेसन का इस्तेमाल त्वचा के लिए ज्यादा असरदार है। साथ ही अगर आपको इंस्टेंट ग्लो चाहिए तो बेसन का इस्तेमाल करें अगर डीप एक्सफोलिएशन चाहिए तो मसूर दाल का फेस पैक फायदेमंद है। आप हफ्ते में 1 बार मसूर दाल और 1 बार बेसन पैक इस्तेमाल कर सकते हैं।
