रांची से दिल्ली जा रही एयर एम्बुलेंस दुर्घटनाग्रस्त, एक जिंदगी बचाने की कोशिश में 7 जिंदगियां हुईं खामोश
गंभीर रूप से झुलसे एक होटल व्यवसायी के इलाज के लिए रांची से दिल्ली जा रही एक एयर एंबुलेंस दुर्घटनाग्रस्त हो गई। इस हादसे में 7 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई, जिसमें एक मरीज परिवार के सदस्य, डॉक्टर, नर्स और पायलट शामिल थे।
होटल में लगी आग से संजय कुमार शॉ की हालत थी गंभीर
दरअसल, झारखंड के लातेहार जिले के होटल व्यवसायी संजय कुमार शॉ का होटल शॉर्ट सर्किट के कारण जल गया था। संजय को 65 प्रतिशत जलने की चोटें आईं, और इलाज के लिए रांची से दिल्ली रेफर किया गया। परिवार ने इलाज के खर्च के लिए उधार लिया था, लेकिन यह यात्रा एक दर्दनाक हादसे में बदल गई।
खराब मौसम और संपर्क टूटने के कारण हुई दुर्घटना
बीचक्राफ्ट C90 एयर एम्बुलेंस, जिसे रेडबर्ड एयरवेज प्राइवेट लिमिटेड द्वारा संचालित किया जा रहा था, ने रांची से उड़ान भरी, लेकिन 20 मिनट बाद एयर ट्रैफिक कंट्रोल से संपर्क टूट गया। इसके बाद विमान चतरा जिले के वन क्षेत्र में दुर्घटनाग्रस्त हो गया। प्रारंभिक जांच में खराब मौसम को संभावित कारण बताया जा रहा है।
परिवार और रिश्तेदारों के लिए गहरा दुख
इस हादसे में संजय और उनकी पत्नी अर्चना की मौत से उनके दो बच्चे अनाथ हो गए हैं। परिवार का कहना है कि अगर रांची में बेहतर चिकित्सा सुविधाएं होतीं, तो संजय को एयरलिफ्ट करने की आवश्यकता नहीं पड़ती। परिवार ने बताया कि यह हादसा उनके लिए एक भीषण दुख का कारण बन गया है, और उन्हें कई जिंदगियां बचाने का मौका नहीं मिला।
अस्पताल और डॉक्टर की प्रतिक्रिया
देवकमल अस्पताल के सीईओ अनंत सिन्हा ने बताया कि एयर एम्बुलेंस की व्यवस्था उनके एक मरीज द्वारा की गई थी। डॉक्टर विकास कुमार गुप्ता के पिता ने बताया कि उन्होंने अपने बेटे को डॉक्टर बनाने के लिए अपनी पूरी ज़मीन बेच दी थी। डॉक्टर गुप्ता रांची के सदर अस्पताल में कार्यरत थे और उनका एक सात साल का बेटा है।
