उम्मीदवारों के क्रिमिनल रिकार्ड छुपाने वाले दलों का पंजीकरण रद की मांग वाली याचिका सुनने को तैयार हुआ SC
सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दायर की गई थी, जिसमें चुनाव आयोग को उन राजनीतिक दलों का पंजीकरण रद करने का निर्देश देने की मांग की गई है जो उम्मीदवार के चयन के कारण के साथ उनके आपराधिक मामलों से संबंधित विवरण का खुलासा नहीं करते हैं। सुप्रीम कोर्ट इस जनहित याचिका पर सुनवाई के लिए सहमत हो गया है।
याचिका में कहा गया है कि 13 जनवरी, 2022 को समाजवादी पार्टी ने कुख्यात गैंगस्टर नाहिद हसन को कैराना से मैदान में उतारा, लेकिन शीर्ष अदालत के निर्देश के अनुसार, 48 घंटे के अंदर न तो उसका आपराधिक रिकार्ड इलेक्ट्रानिक, प्रिंट और सोशल मीडिया में प्रकाशित किया गया और ना ही उसके चयन का कारण बताया गया। याचिका में शीर्ष अदालत के निर्देशों का उल्लंघन करने वाले राजनीतिक दल का पंजीकरण रद करने के लिए चुनाव आयोग को निर्देश देने की मांग की गई है।
इसमें चुनाव आयोग को यह सुनिश्चित करने के लिए निर्देश देने की भी मांग की गई है कि प्रत्येक राजनीतिक दल यह बताएं कि उसने आपराधिक मामलों वाले उम्मीदवार को क्यों प्राथमिकता दी और 48 घंटों के भीतर बिना आपराधिक इतिहास वाले व्यक्ति का चयन क्यों नहीं किया।
