सुरक्षा एजेंसियों ने चार नेपाली बच्चों को मानव तस्करों के चंगुल से बचाया पूछताछ के बाद नेपाली पुलिस को किया गया सुपुर्द
( सिद्धार्थनगर )। सशस्त्र सीमा बल, सिविल पुलिस एवं मानव सेवा संस्थान कर्मियों के संयुक्त प्रयास से चार नेपाली बच्चे मानव तस्करी से बच गए।
रविवार देर शाम को 43 वी वाहिनी एसएसबी के सीमा चौकी ककरहवा प्रभारी, ककरहवा पुलिस, एंटी ह्यूमन ट्रफिकिंग एसएसबी व मानव सेवा संस्थान “सेवा” के द्वारा प्राथमिक पूछ-ताछ में पता चला कि सुनिलभर एवं इनरमन नामक व्यक्ति 4 नाबालिग़ नेपाली लड़को को नौकरी व आकर्षक जीवल शैली का झाँसा देकर नेपाल से भारत के रास्ते शहर ले कर जाने वाले थे। जाँच पड़ताल एवं कागजी कार्यवाही के बाद पीड़ित नाबालिक चारों बच्चो राजेशभर, अयोध्या भर, दीपक, दीपक राजभर के साथ मानव तस्करो को मानव सेवा संस्थान भारतीय व नेपाल एपीफ की उपस्थिति में नेपाल पुलिस चौकी कालीदह थाना- लुंबिनी, जिला रूपन देही नेपाल को अग्रिम कार्यवाही हेतु सुपुर्द कर दिया गया। बच्चों को बचाने में मुख्य रूप से निरीक्षक श्रीनिवास मीणा, निरीक्षक ताशी पलदान, सहायक उप निरीक्षक कुलवंत सिंह, उप निरीक्षक देशराज, सहायक उप निरीक्षक नृपेन, मुख्य आरक्षी अशोक कुमार, भूपेंद्र, यशवंत कुमार, सिविल पुलिस के उप निरीक्षक राज कुमार चौधरी, आरक्षी इंद्रजीत सिंह एवं मानव सेवा संस्थान के कर्मी शामिल रहे।
43वाहिनी केकार्यवाहक-कमांडेंट अमित सिंह ने कहा कि वर्तमान समय में मानव तस्करी के मामलों पर सशस्त्र सीमा बल के द्वारा पैनी नजर रखी जा रही है जिससे कि किसी भी गरीब परिवारों के बच्चों और लड़कियों को मानव तस्करी में संलिप्त व्यक्ति नौकरी, शादी व प्यार का झांसा दे कर तथा बहला फुसला कर नेपाल से भारत या भारत से नेपाल तस्करी न कर पाए और उनका शोषण न हो सकें ।
