बीमार पिता अस्पताल में अकेले, हंसता-खेलता पूरा परिवार होटल फ्लोरिश में जलकर खत्म; CA विवेक अग्रवाल की दर्दनाक कहानी
कल दिल्ली के मालवीय नगर स्थित होटल फ्लोरिश स्टे में आग लग गई जिसके बाद होटल में ठहरे लोग उसी के अंदर कैद हो गए क्योंकि डिजिटल लॉक खुला ही नहीं। 21 लोग इस भीषण अग्निकांड में झुलस कर मर गए। मरने वाले 21 लोगों में से ग्यारह लोग विदेशी हैं। 10 भारतीयों की भी जान इस अग्निकांड में चली गई है।
इस भीषण अग्निकांड ने गुरुग्राम के विवेक अग्रवाल के पूरे परिवार को लील लिया। अपने बीमार पिता का हाल जानने दिल्ली आए विवेक, उनकी पत्नी, 2 बच्चियां और दो रिश्तेदारों की इस दर्दनाक हादसे में मौत हो गई।
गुरुग्राम के सेक्टर-46 निवासी CA विवेक अग्रवाल, उनकी पत्नी, दो मासूम बच्चियों और दो करीबी रिश्तेदारों (मौसा-मौसी) की होटल फ्लॉरिश में झुलसने और दम घुटने से मौत हो गई।
विवेक अग्रवाल के पिता गंभीर रूप से बीमार हैं। दिल्ली के साकेत स्थित मैक्स अस्पताल में उनका इलाज चल रहा है। पिता का हालचाल जानने के लिए विवेक अपनी पत्नी और दोनों बच्चों के साथ दिल्ली आए थे।
विवेक के मौसा-मौसी भी उनके पिता की सेहत जानने के लिए दिल्ली पहुंचे थे। अस्पताल में रुकने के बाद यह पूरा परिवार बुधवार सुबह नाश्ता करने के लिए पास ही स्थित होटल फ्लोरिश के रेस्टोरेंट में गया था, लेकिन यह उनकी आखिरी सुबह साबित हुई।
विवेक अग्रवाल की पत्नी मिसेज इंडिया रह चुकी है। दिल्ली में पोस्टमार्टम के बाद पूरे परिवार के शव गुरुग्राम लाए जाएंगे। पड़ोसी और रिश्तेदार मिलकर अंतिम संस्कार करेंगे।
मालवीय नगर अग्निकांड के बाद होटल के मालिक लवकेश बजाज को दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस अब होटल के मैनेजर जय मिश्रा की तलाश में जगह-जगह छापेमारी कर रही है।
शुरुआती जांच में सामने आया है कि होटल The Flourish Stay होटल के मालिक ने केवल चाय की दुकान के लिए Tatkal Licence अप्लाई किया था, उसके बाद इसे Bed एंड Breakfast कैटेगरी में केवल 6 कमरों की मंजूरी मिली थी लेकिन यहां पर कुल 26 कमरे चल रहे थे।
