‘पंजाबियों को लड़ाई मत सिखाओ’, दिल्ली कॉन्सर्ट में दिलजीत दोसांझ ने CJP पर साधा निशाना, अभिजीत दिपके ने किया रिएक्ट
दिल्ली कॉन्सर्ट में दिलजीत दोसांझ ने CJP प्रोटेस्ट के दौरान हुई आलोचनाओं पर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि पंजाबियों को लड़ाई मत सिखाओ, जिसपर अभिजीत दिपके कादिल्ली कॉन्सर्ट में दिलजीत दोसांझ ने CJP प्रोटेस्ट के दौरान हुई आलोचनाओं पर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि पंजाबियों को लड़ाई मत सिखाओ, जिसपर अभिजीत दिपके का अब रिएक्शन सामने आया।
शुक्रवार रात नई दिल्ली में पंजाबी गायक दिलजीत दोसांझ ने परफॉर्म किया। इस दौरान उन्होंने अपने सुपरहिट गाने गाए और दर्शकों के साथ खूब बातचीत की। जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में आयोजित इस कॉन्सर्ट के दौरान उन्होंने अपने बयान ‘मैं एक कलाकार हूं, भाई’ को लेकर हुए विवाद पर भी इशारों-इशारों में बात की। कुछ महीने पहले इंस्टाग्राम लाइव सेशन के दौरान दिलजीत से दिल्ली में ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) के नेतृत्व में हो रहे विरोध प्रदर्शन पर प्रतिक्रिया देने के लिए कहा गया था। तब गायक ने कहा था, ‘भाई, मुझे इन विरोध प्रदर्शनों और ऐसी चीजों से दूर ही रखो। मैं एक कलाकार हूं, कोई राजनेता नहीं।’ दिलजीत की इस टिप्पणी से CJP के कार्यकर्ता अभिजीत दिपके नाराज हो गए और उन्होंने गायक की आलोचना की।
अभिजीत दीपके को दिलजीत दोसांझ ने दिया करारा जवाब
शुक्रवार, 30 अक्टूबर को दिलजीत दोसांझ ने बिना नाम लिए CJP पर निशाना साधा। बिना किसी का नाम लिए दिलजीत ने कहा, ‘मैं आप सभी से प्यार करता हूं, क्योंकि मैं एक कलाकार हूं, भाई। मैं अभी चुप हूं तो मुझे चुप ही रहने दो। मैं आप सभी का समर्थन करता हूं। पंजाबियों को यह मत सिखाओ कि लड़ाइयां कैसे लड़नी हैं।’ दिलजीत के कॉन्सर्ट का यह पल वायरल होने के बाद अभिजीत दिपके ने इंस्टाग्राम पर एक नोट लिखा। इसमें उन्होंने गायक के प्रति अपना सम्मान जाहिर किया और उनसे इस बात को यहीं छोड़ देने की गुजारिश करते हुए कहा, ‘छोटा भाई समझकर मिट्टी पाओ।’
दिलजीत दोसांझ के बयान पर अभिजीत दिपके ने क्या कहा
अभिजीत दिपके ने लिखा, ‘पाजी, जून में जब हम विरोध-प्रदर्शन कर रहे थे तब आपकी टिप्पणी से मुझे थोड़ी ठेस पहुंची। ऐसा इसलिए नहीं कि मुझे आपसे व्यक्तिगत रूप से कोई दिक्कत थी, बल्कि इसलिए क्योंकि मैंने हमेशा आपको एक ऐसे इंसान के रूप में देखा है जो सही मुद्दों के लिए आवाज उठाता है जैसा कि आपने खुद भी कहा था। सच कहूं तो मैं हमेशा से आपका प्रशंसक रहा हूं और इसमें कोई बदलाव नहीं आया है। मैं आज भी आपका संगीत सुनता हूं। असल में इस मई में भारत लौटने से ठीक पहले मैं शिकागो में आपके कॉन्सर्ट में गया था। वहां मैं सिर्फ आपके संगीत के लिए नहीं गया था, बल्कि इसलिए भी गया क्योंकि आप जिस तरह के इंसान हैं, उनके लिए मेरे मन में हमेशा से बहुत सम्मान रहा है। आपका साहस, आपकी सच्चाई और जिस तरह से आपने अपनी जड़ों से जुड़े रहते हुए भारत को वैश्विक मंच तक पहुंचाया है।’
दिलजीत दोसांझ की बात से आहत हुए दिपके
अपने नोट में कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने आगे लिखा, ‘इन सब बातों के लिए मैं हमेशा से आपका सम्मान करता आया हूं। शायद इसीलिए आपकी उस टिप्पणी से मुझे थोड़ी ठेस पहुंची, क्योंकि मैं हमेशा से आपका बहुत सम्मान करता रहा हूं। लेकिन एक असहमति या गलतफहमी की वजह से आपके प्रति मेरे सम्मान और प्रशंसा में कोई कमी नहीं आती। बाकी पाजी, छोटा भाई समझकर इस बात को यहीं खत्म कर दीजिए। आखिर में मैं बस इतना कहना चाहूंगा गबरू ता वैरी नू वी मीठा बोलदा, नी तू ता फेर जट्ट दा प्यार गोरिये।’
