महाराष्ट्र: गन्ना कटाई मजदूर की 4 बेटियों ने पूरे गांव का नाम किया रोशन, चारों की मुंबई पुलिस में हुई भर्ती
महाराष्ट्र के बीड जिले के एक छोटे से गांव जीवाचीवाडी में एक गन्ना किसान की चार बेटियों ने मिसाल पेश की है और चारों मुंबई पुलिस में भर्ती हो चुकी हैं।
बीड: महाराष्ट्र के बीड जिले के एक छोटे से गांव से ऐसा मामला सामने आया है, जिसे सुनकर हर कोई उसकी तारीफ कर रहा है। यहां एक गन्ना कटाई मजदूर की चार बेटियां मुंबई पुलिस में भर्ती हुई हैं। उनकी इस उपलब्धि से पूरे गांव को गर्व है। लोग इस बात पर गर्व कर रहे हैं कि संसाधनों के अभाव भी इन बेटियों के हौसलों की उड़ान नहीं रोक सके।
क्या है पूरा मामला?
बीड जिले के एक छोटे से गांव जीवाचीवाडी की चार बेटियों ने अपनी मेहनत और लगन के दम पर एक ऐसी सफलता हासिल की, जो पूरे जिले के लिए प्रेरणा बन गई है। गन्ना कटाई मजदूर इनुमंत चौरे की चार बेटियां हैं, जिनमें से 2 बेटियां पहले से मुंबई पुलिस में हैं और 2 बेटियों का इस बार मुंबई पुलिस में सिलेक्शन हो गया है। इस तरह मजदूर की चारों बेटियां मुंबई पुलिस में हैं।
बेटियों की इस उपलब्धि से पिता समेत पूरे परिवार में खुशी का माहौल है। गांव के लोग भी अपने यहां की बेटियों की इस उपलब्धि से खुश हैं और गर्व कर रहे हैं।
कहां है जीवाचीवाडी गांव?
जीवाचीवाडी गांव पहाड़ी क्षेत्र में स्थित है, जहां अधिकांश परिवार गन्ना कटाई का काम करके अपना जीवन यापन करते हैं। ऐसे क्षेत्र में जहां कई बार बेटियों की कम उम्र में ही शादी कर दी जाती है, वहीं उषा, अर्चना, गीतांजली और शीतल चौरे ने अपने सपनों को उड़ान दी और सफलता की नई कहानी लिख दी।
चारों बहनों के माता-पिता आज भी गन्ना कटाई मजदूर के रूप में काम करते हैं। आर्थिक तंगी और तमाम चुनौतियों के बावजूद बेटियों की शिक्षा और उनके सपनों को पूरा करने में परिवार ने कोई कमी नहीं छोड़ी। इसी का परिणाम है कि चारों बहनें एक साथ मुंबई पुलिस बल में भर्ती होकर अपने माता-पिता का सपना साकार करने में सफल रही हैं।
उनकी इस सफलता पर गांव सहित पूरे जिले में गर्व का माहौल है और हर तरफ से उन्हें बधाइयां दी जा रही हैं। चारों बहनों की यह कहानी उन लोगों के लिए मिसाल है जो साधनों के अभाव में जी रहे हैं और आगे बढ़ना चाहते हैं।
