25 August, 2026 (Tuesday)

महिला कमांडो तैयार करने की दिशा में NSG की बड़ी पहल, पहली बार महिलाओं को दी जाएगी ट्रेनिंग

NSG ट्रेनिंग अकादमी, मानेसर ने नारी शक्ति को बढ़ावा देने के लिए अहम पहल शुरू की है। इसके तहत महिला जवानों 12 सप्ताह की विशेष ट्रेनिंग दी जाएगी।
भारत में नारी शक्ति को सुरक्षा व्यवस्था के अग्रिम मोर्चे पर मजबूत करने की दिशा में NSG ट्रेनिंग अकादमी, मानेसर ने एक अहम पहल शुरू की है। पहली बार देश में महिला कमांडो कन्वर्जन कोर्स (MCCC) का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें राज्य पुलिस बलों और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (CAPFs) की महिला कर्मियों को विशेष कमांडो प्रशिक्षण दिया जा रहा है।

12 सप्ताह का प्रशिक्षण कार्यक्रम
24 अगस्त से 14 नवंबर 2026 तक चलने वाला यह 12 सप्ताह का कठिन और व्यापक प्रशिक्षण कार्यक्रम महिला जवानों को अत्यधिक प्रशिक्षित, आत्मविश्वासी और ऑपरेशनल तौर पर सक्षम कमांडो के रूप में तैयार करने के उद्देश्य से शुरू किया गया है। इस प्रशिक्षण में महिला कर्मियों को फिजिकल कंडीशनिंग, हथियार संचालन, सटीक निशानेबाजी, इंटरवेंशन स्किल्स, बंधक बचाव अभियान (Hostage Rescue Operations) और आतंकवाद विरोधी अभियानों से जुड़े विभिन्न पहलुओं की ट्रेनिंग दी जा रही है।

इस पहल का उद्देश्य सिर्फ महिला कर्मियों की शारीरिक और पेशेवर क्षमता को बढ़ाना नहीं, बल्कि उन्हें ऐसे चुनौतीपूर्ण ऑपरेशनल माहौल के लिए तैयार करना है, जहां तेजी से निर्णय लेने, साहस और उच्च स्तर की कमांडो दक्षता की जरूरत होती है। NSG का यह कदम देश की आंतरिक सुरक्षा व्यवस्था में महिला कमांडो का एक सक्षम और प्रशिक्षित कैडर तैयार करने की दिशा में महत्वपूर्ण मील का पत्थर माना जा रहा है। बदलते सुरक्षा परिदृश्य और आतंकवाद की नई चुनौतियों के बीच महिलाओं की भागीदारी को बढ़ावा देते हुए यह पहल नारी शक्ति को राष्ट्रीय सुरक्षा की अग्रिम पंक्ति से जोड़ने की दिशा में एक बड़ा कदम है।

सेंट्रल हब और रीजनल डिप्लॉयमेंट
बता दें कि एनएसजी का मुख्यालय मानेसर (हरियाणा) में है, जबकि इसके रीजनल हब मुंबई, हैदराबाद, चेन्नई, कोलकाता और गांधीनगर में स्थापित किए गए हैं। इन हब्स का उद्देश्य देश के हर हिस्से में तेज़ प्रतिक्रिया समय (Rapid Response Time) बनाए रखना है।

आधुनिक भारत की सुरक्षा ढाल
एनएसजी का आदर्श वाक्य- “सर्वत्र सर्वोत्कृष्ट सुरक्षा” उसकी हर कार्रवाई में झलकता है। आने वाले वर्षों में इसका दायरा और तकनीकी क्षमता दोनों बढ़ने की संभावना है। भारत की यह ‘ब्लैक कैट’ फोर्स न केवल देश की सुरक्षा का प्रतीक है, बल्कि यह आधुनिक भारत की प्रेसिजन, प्रोफेशनलिज़्म और परफेक्शन की मिसाल भी है।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed