19 August, 2026 (Wednesday)

बेटे की शादी में दहेज मांगना पड़ा भारी, DM की बैठी जांच तो पिता का निकला फर्जी प्रमाणपत्र, चली गई सरकारी नौकरी

जांच के दौरान चौकीदार गया यादव की सरकारी नौकरी से जुड़े प्रमाणपत्रों में गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। डीएम ने फर्जी प्रमाणपत्र के मामले में चौकीदार गया यादव को तत्काल प्रभाव से सरकारी नौकरी से बर्खास्त कर दिया।
बिहार के गोपालगंज में बेटे की शादी में दहेज मांगने और बाद में शादी से इनकार करने के आरोप से शुरू हुई शिकायत की जांच आखिरकार एक चौकीदार की सरकारी नौकरी जाने तक पहुंच गई। जांच के दौरान चौकीदार की नियुक्ति से जुड़े प्रमाणपत्रों में गंभीर अनियमितताएं सामने आने के बाद डीएम समीर सौरभ ने विजयीपुर थाना में तैनात चौकीदार गया यादव को तत्काल प्रभाव से सरकारी सेवा से बर्खास्त कर दिया है।
गया यादव के खिलाफ दर्ज हुई शिकायत
मामला गोपालगंज जिले के विजयीपुर थाना क्षेत्र का है। हल्का संख्या-2/6 में चौकीदार के पद पर तैनात गया यादव, पिता स्वर्गीय राम अवध अहीर के खिलाफ जिला पदाधिकारी के समक्ष शिकायत दर्ज कराई गई थी। शिकायतकर्ता अभिनव कुमार यादव ने आरोप लगाया था कि गया यादव ने अपने बेटे की शादी के दौरान दहेज की मांग की और बाद में शादी करने से इनकार कर दिया।

डीएम ने दिए जांच के आदेश
शिकायत में गया यादव पर चौकीदार पद पर नियुक्ति के दौरान फर्जी प्रमाणपत्र प्रस्तुत कर सरकारी नौकरी हासिल करने का भी गंभीर आरोप लगाया गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए डीएम समीर सौरभ ने विस्तृत जांच के आदेश दिए।

जांच के दौरान संबंधित अभिलेखों और दस्तावेजों की गहन पड़ताल की गई। आरोपी चौकीदार से आरोपों को लेकर स्पष्टीकरण भी मांगा गया, लेकिन अधिकारियों को उसका जवाब संतोषजनक नहीं लगा।

फर्जी प्रमाणपत्र को लेकर सरकारी सेवा से हटाया
संचालन पदाधिकारी-सह-अनुमंडल पदाधिकारी, हथुआ के जांच प्रतिवेदन और उपस्थापन पदाधिकारी के मंतव्य के आधार पर आरोपों को प्रमाणित पाया गया। उपलब्ध दस्तावेजों और जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर डीएम ने बिहार सरकारी सेवक वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील नियमावली के तहत गया यादव को तत्काल प्रभाव से सरकारी सेवा से बर्खास्त करने का आदेश जारी कर दिया।

गोपालगंज पुलिस ने भी कि विभागीय कार्रवाई
प्रशासन के अनुसार, गया यादव के खिलाफ लगाए गए आरोपों को लेकर पुलिस अधीक्षक, गोपालगंज के स्तर से भी पहले विभागीय कार्रवाई की जा चुकी थी। अब जांच प्रतिवेदन, अभिलेखों और सक्षम अधिकारियों की राय के आधार पर जिला पदाधिकारी ने अंतिम कार्रवाई करते हुए उसकी सरकारी सेवा समाप्त कर दी।

दहेज मांगना पिता को पड़ा भारी
इस तरह बेटे की शादी में दहेज मांगने और शादी से इनकार करने के आरोप से शुरू हुई शिकायत की जांच में सरकारी नौकरी हासिल करने के लिए कथित तौर पर फर्जी प्रमाणपत्रों के इस्तेमाल का मामला भी सामने आया और आखिरकार चौकीदार को अपनी नौकरी गंवानी पड़ी।

डीएम समीर सौरभ ने स्पष्ट संदेश दिया है कि सरकारी सेवा में फर्जी प्रमाणपत्र या धोखाधड़ी का सहारा लेने वालों के खिलाफ नियमों के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *